बॉस व उनके बेटे के साथ थ्रीसम और बीडीएसएम सेक्स (BDSM) करा प्रोमोशन के लिए अन्तर्वासना हिंदी सेक्स स्टोरी का सारांश :- मेरा नाम रिया है, 21 साल की एक जवान लड़की, दिल्ली की एक प्राइवेट मार्केटिंग कंपनी में जूनियर एक्जीक्यूटिव। मेरा फिगर 34-26-36, गोरा रंग, और टाइट कपड़ों में मेरी चूचियां और गांड सबका ध्यान खींचती हैं। दोस्तों मैं एक बहुत खर्चीली किस्म की लड़की हूँ मेरी सैलेरी से मेरा खर्चा पूरा नहीं पड़ता इस लिए मैं अपनी आमदनी बढ़ाने के लिए विचार कर रही थी की तभी मेरे बॉस ने मेरी मदद करी।
यह थ्रीसम और बीडीएसएम सेक्स (BDSM) कहानी मेरे प्रोमोशन की भूख और मेरे 60 साल के रंगीन मिजाज वाले बॉस, रमेश शर्मा, और उनके 24 साल के हवसी बेटे, विक्की शर्मा, के साथ एक दर्दनाक, हार्डकोर थ्रीसम और बीडीएसएम सेक्स (BDSM) की है। रमेश ने मुझे प्रोमोशन का लालच देकर अपने घर बुलाया, जहां सिर्फ वो और विक्की थे। मैंने अपनी चूत, गांड, और शरीर का हर हिस्सा दांव पर लगाकर प्रोमोशन हासिल किया। ये कहानी उत्तेजना, शर्मिंदगी, दर्द, और हास्य से भरी है, जिसमें गंदी गालियां, नंगे डायलॉग, और बिना सेंसर के बीडीएसएम सीन हैं।
मैं रिया, 21 साल की, दिल्ली की एक मार्केटिंग फर्म में जूनियर एक्जीक्यूटिव हूँ। मेरा फिगर 34-26-36, गोरा रंग, और मैं हमेशा टाइट ड्रेस पहनती हूँ, ताकि मेरी चूचियां और गांड उभरकर दिखें। ऑफिस में सब मुझे घूरते थे, लेकिन सबसे ज्यादा मेरे बॉस, रमेश शर्मा। 60 साल का रमेश मोटा, गंजा, और रंगीन मिजाज का मर्द था। उसकी आंखें मेरे बूब्स और गांड पर टिकी रहती थीं। उसका बेटा, विक्की शर्मा, 24 साल का जवान, लंबा, गठीला, और एक नंबर का हवसी। वो कभी-कभी ऑफिस आता और मुझे भूखी नजरों से देखता।
मुझे प्रोमोशन चाहिए था। जूनियर से सीनियर एक्जीक्यूटिव बनने का सपना था। एक दिन रमेश ने मुझे अपने केबिन में बुलाया। बोला, “रिया, तू काम तो अच्छा करती है, लेकिन प्रोमोशन के लिए कुछ खास करना पड़ेगा।” उसकी आंखों में शरारत थी। मैंने बनावटी मासूमियत से पूछा, “क्या, सर?” वो हंसा, “शनिवार को मेरे घर आ। मैं और विक्की होंगे। आराम से बात करेंगे।” मैं समझ गई कि प्रोमोशन की कीमत मेरी चूत और गांड होगी। मैंने सोचा, “रिया, ये मौका है। प्रोमोशन लेना ही है।”
बॉस व उनके बेटे के साथ थ्रीसम और बीडीएसएम सेक्स (BDSM) करा प्रोमोशन के लिए अन्तर्वासना हिंदी सेक्स स्टोरी

शनिवार को मैंने टाइट ब्लैक ड्रेस पहनी, जिसमें मेरी चूचियां और गांड साफ दिख रही थीं। रमेश का घर दिल्ली के पॉश साउथ एक्सटेंशन में था, बड़ा और शानदार। विक्की ने दरवाजा खोला। उसने मुझे ऊपर से नीचे घूरा और बोला, “वाह, रिया, तू तो आज माल लग रही है!” मैंने शरमाते हुए कहा, “बस, विक्की भैया, ऐसे ही।” लेकिन मेरे मन में उत्तेजना थी।
प्रोमोशन के लिए बॉस के घर में उनके बेटे के साथ मिलकर हवस का नंगा खेल शुरू
मेरा 60 साल का बॉस रमेश लिविंग रूम में सोफे पर बैठा था, शराब का ग्लास लिए। उसने मुझे बुलाया, “आजा, रिया, बैठ।” मैं मेरे बॉस के बगल में बैठी। उसने मेरी जांघ पर हाथ रखा और बोला, “रिया, प्रोमोशन चाहिए ना?” मैंने हां में सिर हिलाया। वो हंसते हुए बोला, “तो आज तुझे मेरी और मेरे बेटे की रंडी बनना है।” विक्की ने हंसकर कहा, “हां, रिया, आज तेरी चूत और गांड फाड़ देंगे हम बाप बेटे मिलकर!” मैंने शरमाते हुए कहा, “सर, ये गलत है।” लेकिन मन में सोचा, “प्रोमोशन के लिए सब जायज है।”
मैंने कहा की सर मैंने आज से पहले कभी थ्रीसम सेक्स नहीं करा यदि आप मेरा प्रोमोशन कर देंगे तो मैं आप दोनों से एक एक करके चुदवाने के लिए राजी हूँ। वह बोले की तू साली ऐसे कैसे हम बाप बेटे के साथ हार्डकोर थ्रीसम सेक्स नहीं करेगी प्रोमोशन चाहिये तो हमारी अन्तर्वासना शांत करी ही होगी नहीं तो कल से ऑफिस भी मत आना! फिर रमेश सर ने मुझे अपनी गोद में खींच लिया। उसका मोटा पेट मेरे खिलाफ दब रहा था। उसने मेरी ड्रेस ऊपर की और मेरी काली पैंटी पर हाथ फेरा। बोला, “क्या मस्त चूत है, साली!” मैं सिहर उठी। विक्की मेरे पीछे आया और मेरी चूचियां मसलने लगा। मैंने सिसकारी ली, “आह, विक्की, धीरे!” वो बोला, “साली, अभी तो तेरा भोसड़ा चोदना बाकी है!”
रमेश ने मेरी ड्रेस फाड़ दी। मैं सिर्फ लाल ब्रा और पैंटी में थी। विक्की ने मेरी ब्रा खींचकर फाड़ दी। मेरी चूचियां बाहर लटकने लगीं। रमेश ने मेरी एक चूची मुँह में ली और चूसने लगा। उसने मेरी निप्पल को दांतों से काटा। मैं चीखी, “आह, सर, दर्द हो रहा है!” वो हंसा, “रंडी, दर्द तो अभी शुरू हुआ है!” विक्की ने मेरी पैंटी उतारी और मेरी चूत पर जीभ फेरी। मैं गीली हो चुकी थी। वो बोला, “भोसड़ी की, तेरी चूत तो रसीली है!”
हार्डकोर थ्रीसम सेक्स और दर्दनाक बीडीएसएम चुदाई (BDSM) चुदाई की शुरुआत
मेरा ठरकी बॉस रमेश चुदाई करने के लिए मुझे खींचकर बेडरूम में ले गया। वहां एक बड़ा सा बेड था, जिसके पास रस्सियां, चाबुक, और हथकड़ियां रखी थीं। मैं उन वस्तुओं को देखकर समझ गयी की आज तो मेरी हार्डकोर बीडीएसएम (BDSM) चुदाई होने वाली है, यह सब सोचकर मैं काफी डर गई। विक्की ने हंसकर कहा, “रिया, आज तुझे रंडी बनाकर मजा लेंगे!” रमेश ने मेरे हाथ रस्सी से बांधे और मुझे बेड पर लिटा दिया। मेरे पैर फैलाकर बांध दिए। मैं बेबस थी, लेकिन मेरी चूत गीली थी।
रमेश ने एक चमड़े का चाबुक (Leather Whip) उठाया और मेरी चूचियों पर बहुत जोर से मारा। मैं दर्द के मरे जोर से चीखी, “आह, सर, मत मारो!” वो बोला, “चुप, साली! प्रोमोशन के लिए दर्द सहना पड़ेगा!” उसने मेरी चूचियों और जांघों पर चाबुक मारे। मेरे शरीर पर लाल निशान पड़ गए। दर्द हो रहा था, लेकिन मेरी चूत और गीली हो रही थी। विक्की ने मेरी चूत में उंगली डाली और बोला, “हरामी, तुझे तो दर्द में मजा आ रहा है!”
मेरे बॉस रमेश ने अपना लंड बाहर निकाला। 60 साल की उम्र में भी उसका 6 इंच का लंड मोटा और सख्त था। उसने मेरा मुँह खोला और लंड अंदर डाल दिया। मैं गों-गों की आवाज निकाल रही थी। वो बोला, “चूस, रंडी!” मैंने उसका लंड चूसा। उसका नमकीन स्वाद मेरे मुँह में फैल गया। विक्की ने मेरी चूत चाटना शुरू किया। उसकी जीभ मेरी चूत में अंदर-बाहर हो रही थी। मैं चुदते चुदते मादक सिसकारियां ले रही थी, “आह, विक्की, और चाट!”
बॉस और उनके बेटे के साथ हार्डकोर थ्रीसम सेक्स और चुदाई के दौरान तेज दर्द
मेरे बॉस के बेटे विक्की ने अपनी पैंट उतारी मेरी चुदाई करने के लिए। उसका 8 इंच का लंड लंबा और मोटा था। उसने मेरे पैर खोले और लंड मेरी चूत पर सेट किया। एक जोरदार धक्का मारा। मैं चीख पड़ी, “आह, मर गई!” रमेश ने हंसकर कहा, “साली, अभी तो बेटे का लंड बाकी है!” विक्की ने मेरी चूत में धक्के मारने शुरू किए। उसका लंड मेरी चूत को चीर रहा था। मैं चिल्ला रही थी, “विक्की, और जोर से! फाड़ दे मेरी चूत!”
रमेश ने मेरा मुँह छोड़ा और मेरी चूचियों को मसलने लगा। उसने मेरी निप्पल्स को इतनी जोर से खींचा कि मैं रो पड़ी। बोला, “रो मत, रंडी! प्रोमोशन के लिए सब सह!” विक्की ने मेरी चूत को 10 मिनट तक चोदा। मैं एक बार झड़ चुकी थी। मेरी चूत से पानी टपक रहा था।
फिर रमेश ने मुझे खड़ा किया और रस्सियां खोल दीं। बोला, “अब तेरी गांड चुदाई की बारी!” मैं डर गई, “सर, गांड में लंड नहीं मैंने सुना हिया की गांड चुदाई में काफी ज्यादा दर्द होता है!” विक्की ने मेरी गांड पर बड़ी जोर से चपड़े का चाबुक मारा और बोला, “चुप, साली रंडी गांड चुदवाने के बदले तुझे एक्स्ट्रा पैसे देंगे तू चिंता मत कर!” उसने मेरी गांड में उंगली डाली। मैं दर्द से चीखी। रमेश ने मेरी चूत में अपना लंड डाला, और विक्की ने मेरी गांड में लंड सेट किया। दोनों ने एक साथ धक्का मारा। मैं चिल्लाई, “आह, फट गई! छोड़ दो!”
मेरी चूत और गांड में दो लंड एक साथ थे। दर्द असहनीय था, लेकिन मजे भी आ रहे थे। मैं चिल्ला रही थी, “आह, दोनों मिलकर मार डालोगे!” विक्की ने मेरी गांड पर थप्पड़ मारे और बोला, “साली, तू तो हमारी रंडी है!” रमेश ने मेरी चूचियों को काटा और बोला, “ये चूचियां तो मक्खन जैसी हैं!” मैं दर्द और मजे के बीच झूल रही थी।
प्रोमोशन के लिए थ्रीसम सेक्स के दौरान दर्दनाक बीडीएसएम (BDSM) चुदाई करवानी पड़ी
रमेश ने मुझे डॉगी स्टाइल में बिठाया। उसने मेरे हाथ फिर हथकड़ियों से बांधे। मेरे बॉस के बेटे विक्की ने मेरी टाइट गांड के छेद के अंदर अपना खड़ा लंड डाला और जोर-जोर से धक्के मारने लगा। गांड चुदाई के दौरान दर्द के मारे मेरी गांड फट रही थी। मैं चीख रही थी, “विक्की, धीरे! मर जाऊंगी!” वो हंसा, “साली, मरने नहीं देंगे!” रमेश ने मेरी चूत में उंगलियां डालीं और चोदने लगा। मैं दो बार झड़ चुकी थी। मेरी चूत और गांड से पानी टपक रहा था।
विक्की ने चाबुक उठाया और मेरी गांड पर मारा। लाल निशान पड़ गए। मैं रो रही थी, लेकिन मेरी चूत और गीली थी। रमेश बोला, “रिया, तुझे दर्द में मजा आता है ना?” मैंने हांफते हुए कहा, “हां, सर, चोदो मुझे!” दोनों ने 20 मिनट तक मेरी चूत और गांड चोदी। मैं चार बार झड़ चुकी थी। मेरा शरीर कांप रहा था।
रमेश ने पूछा, “वर्जिन कहां निकालें, रंडी जल्दी बता?” मैंने कहा, “मेरे मुँह में!” दोनों बाप बेटों ने मुझे घुटनों पर बिठाया। रमेश सर का लंड मेरे मुँह में था, और विक्की का मेरे चेहरे पर। मैंने दोनों को चूसा। पहले मेरे बॉस के बेटे विक्की का माल निकला, फिर रमेश सर का। मैंने सारा माल पी लिया। मेरे चेहरे पर उनका माल टपक रहा था। मैंने उसे भी चाट लिया।
बॉस व उनके बेटे के साथ थ्रीसम और बीडीएसएम सेक्स (BDSM) करा प्रोमोशन के लिए अन्तर्वासना हिंदी सेक्स स्टोरी का निष्कर्ष
थ्रीसम और बीडीएसएम चुदाई का आनंद लेने के बाद हम तीनो ने अपने अपने कपड़े ठीक किए। मेरे बॉस ने कहा, “रिया, प्रोमोशन तेरा पक्का तू ऐसे ही हम बाप बेटे को खुश करती रहना फिर देख तू कितनी तरक्की करती है! अगले हफ्ते लेटर मिलेगा।” मैंने हांफते हुए कहा, “थैंक यू, सर!” विक्की ने हंसकर कहा, “रिया, फिर बुलाएंगे अपनी अन्तर्वासना शांत करने के लिए। बाकि कुछ भी कहो तेरी गांड तो कमाल है मेरी जान!” मैंने शरमाते हुए कहा, “धन्यवाद विक्की भैया!” बॉस और उनके बेटे से चुदवाने के बाद मैं मेरे मैं घर गई। मेरा शरीर दर्द कर रहा था, लेकिन मन खुश था। प्रोमोशन मिल गया था।
दोस्तों, ये थी मेरी हार्डकोर थ्रीसम और बीडीएसएम (BDSM) सेक्स की हिंदी देसी कहानी। मेरे बॉस रमेश शर्मा और उनके बेटे विक्की शर्मा के किरदार इस हिंदी सेक्स स्टोरी में आप सभी को कैसे लगे? क्या सेक्स कहानी में और दर्द या गंदगी चाहिए थी? अपने विचार जरूर बताएं।


